तीर्थनगरी के स्कूलों में धूमधाम से मनाया गणतंत्र दिवस

ऋषिकेश ( राव शहजाद ) । तीर्थनगरी के स्कूलों में गणतंत्र दिवस हर्षोल्लास के साथ मनाया गया । बच्चों द्धारा शानदार प्रस्तुतियां दी गई । सोमवार को अंकुर पब्लिक स्कूल , ऋषिकेश इंटरनेशनल स्कूल , माँ आनंदमई मेमोरियल स्कूल , सरस्वती विद्या मंदिर इंटर कॉलेज सहित अन्यों में धूमधाम से मनाया गया। अंकुर पब्लिक स्कूल में गणतंत्र दिवस समारोह में स्कूल कैंपस में बड़े गर्व और देशभक्ति के साथ गणतंत्र दिवस मनाया। यह कार्यक्रम भारतीय संविधान की भावना का सम्मान करने और छात्रों में राष्ट्रीय मूल्यों को जगाने के लिए आयोजित किया गया था।

समारोह की शुरुआत राष्ट्रीय ध्वज फहराने के साथ हुई, जिसके बाद राष्ट्रगान गाया गया। छात्रों ने देशभक्ति गीत, नृत्य, भाषण और नाटकों सहित विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रमों में उत्साह से भाग लिया, जिसमें गणतंत्र दिवस के महत्व और हमारे स्वतंत्रता सेनानियों द्वारा किए गए बलिदानों पर प्रकाश डाला गया है।

वही ऋषिकेश इंटरनेशनल स्कूल में गणतंत्र दिवस” का आयोजन किया । वहां गणतंत्र दिवस” को “पहलगांव” में वीर जवानों के बलिदानों को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए आयोजित किया गया। सर्वप्रथम विद्यालय के प्रबंधक मोहन डंग, पूजा डंग, महिमा डंग एवं सचिव कप्तान सुमंत डंग ने राष्ट्रीय गीत के साथ सामूहिक रूप से ध्वाजारोहण किया। गणतंत्र दिवस पर वीर सेनानी, देश भक्तों को पुषांजलि अर्पित कर कार्यक्रम का शुभारम्भ किया। छात्र नैतिक एवं छात्रा इप्शिता द्वारा सर्वप्रथम कार्यक्रम की शुरआत करते हुए । ( कक्षा – चौथी की छात्रा “अरनवी सेमवाल” एवं कक्षा – नवी के छात्र आयुष पंवार ) ने गणतंत्र दिवस को संवैधानिक रूप से,सीमा पर समर्पित बलिदानों द्वारा, अपने देश का संविधान लागू होने एवं बहुत से वीर देश भक्तों के समर्पण को,अपने भाषणयुक्त शब्दों द्वारा सभी के समक्ष सुंदरतपूर्ण रूप से प्रस्तुत किया।
कनिष्क वर्ग की छात्राओं सामूहिक रुप से गणतंत्र दिवस पर वीर सेनानियों के जज्बे को एवं उनके समर्पण को स्मरण किया । सीनियर कक्षा से छात्र छात्राओं द्वारा वीर क्रांतिकारी सरदार भगत सिंह की जीवन शैली एवम देश के प्रति उनके द्वारा किए गए बलिदानों को एक आकर्षक नाटकीय रूप में दर्शाया गया। विद्यालय सचिव कप्तान सुमंत डंग ने उपस्थित अध्यापक एवम् अध्यापिकाओं को गणतंत्र दिवस की बधाई देते हुए सभी बच्चों द्वारा प्रस्तुत देशभक्ति से भरपूर भाषण ,नाट्य प्रस्तुति एवं देशभक्ति गीत की ह्रदय से सराहना करते हुए कहा कि हमें हमेशा अपने देश के प्रति समर्पित होकर अपने देश का नाम गर्व से ऊँचा करना चाहिए और वीर सेनानियों की तरह आत्मसमर्पित होकर अपने देश को और अधिक गौरवान्वित बनाना चाहिए। विद्यालय उप प्रधानाचार्या बिंदु शर्मा द्वारा उपस्थित सभी विद्यालय समिति को एवं सभी अध्यापक_अध्यापिकाओं सहित छात्र छात्राओं को गणतंत्र दिवस की शुभकामनाएं दी।

वही मां आनंदमयी मेमोरियल स्कूल गौहरी माफी रायवाला में 77वां गणतंत्र दिवस का उत्सव बड़ी उत्साह और देशभक्ति के साथ मनाया गया। यह कार्यक्रम विद्यालय परिसर में आयोजित किया गया था और इसमें छात्रों, शिक्षकों और विशिष्ट अतिथियों ने भाग लिया।
कार्यक्रम की शुरुआत मुख्य अतिथि के स्वागत के साथ हुई। विद्यालय में मुख्य अतिथि के रूप में राशिद शरफुद्दीन एवं डॉ. विधुकेश विमल जी उपस्थित थे। विद्यालय के निदेशक अर्पित पंजवानी , ट्रस्टी निकिता पंजवानी जी तथा प्रधानाचार्या मानसी सिंघल ने अतिथियों को स्मृति चिन्ह वह पुष्पगुच्छ देकर स्वागत किया। समारोह की शुरुआत दीप प्रज्वलन के साथ हुई, जिसके बाद ध्वज फहराने के साथ राष्ट्रगान गया गया। इस अवसर पर विद्यालय परिसर देशभक्ति के रंग में रंगा नजर आया।

वही सरस्वती विद्या मंदिर इंटर कॉलेज, आवास विकास ऋषिकेश में हर्षोल्लास, गरिमा एवं राष्ट्रभक्ति के भाव के साथ मनाया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ आदर्श राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के स्वयंसेवक दयाराम वार्ष्णेय, विद्यालय प्रबंधीय समिति के प्रबंधक डॉ. गौरव वार्ष्णेय, समिति अध्यक्ष डॉ. शशि कुमार शर्मा, बार एसोसिएशन अध्यक्ष अनिल कुकरेती तथा विद्यालय के प्रधानाचार्य उमाकांत पंत सहित अनेक सामाजिक गणमान्य अतिथियों द्वारा ध्वजारोहण के साथ किया गया। इसके पश्चात राष्ट्रगान गाया गया, जिससे विद्यालय प्रांगण देशभक्ति के नारों और उत्साह से गूंज उठा। इस अवसर पर छात्र-छात्राओं द्वारा देशभक्ति से ओतप्रोत सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दी गईं, जिनमें भारत की सांस्कृतिक विविधता और राष्ट्रीय एकता का सुंदर संदेश देखने को मिला। कार्यक्रम में विद्यालय प्रबंधीय समिति के प्रबंधक डॉ. गौरव वार्ष्णेय एवं अध्यक्ष डॉ. शशि कुमार शर्मा ने अपने उद्बोधन में भारतीय संविधान के मूल्यों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि संविधान हमें समानता, न्याय और स्वतंत्रता का मार्ग दिखाता है तथा लोकतंत्र की वास्तविक शक्ति जन-जन की सहभागिता में निहित है। बार एसोसिएशन अध्यक्ष अनिल कुकरेती ने कहा कि भारतीय संविधान लोकतंत्र की आत्मा है, जो प्रत्येक नागरिक को अधिकारों के साथ कर्तव्यों की भी निरंतर याद दिलाता है। उन्होंने युवाओं से संविधान की गरिमा बनाए रखते हुए राष्ट्रहित में कार्य करने का आह्वान किया।
इसके पश्चात आदर्श राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के स्वयंसेवक दयाराम वार्ष्णेय ने अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि गणतंत्र दिवस हमें अपने अधिकारों के साथ-साथ कर्तव्यों का भी बोध कराता है तथा राष्ट्र निर्माण में युवाओं की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है।
विद्यालय के शिक्षक पंकज मिश्रा ने भी गणतंत्र दिवस की ऐतिहासिक एवं राष्ट्रीय महत्ता पर अपने विचार रखे।
विद्यालय के प्रधानाचार्य उमाकांत पंत ने अपने प्रेरक उद्बोधन में कहा कि भारतीय संविधान विश्व का सबसे विस्तृत और सशक्त संविधान है, जो देश की एकता और अखंडता का मजबूत आधार है। उन्होंने विद्यार्थियों से संविधानिक मूल्यों को जीवन में अपनाने और राष्ट्रसेवा के लिए सदैव तत्पर रहने का आह्वान किया तथा सभी को 26 जनवरी की शुभकामनाएं दीं। मौके पर प्रो. गिरीश चंद मिश्रा (सेवानिवृत्त प्रधानाचार्य), एडवोकेट जितेंद्र अग्रवाल, रामकुमार, योगेश ब्रिजा, मनोज कौशिक, मोहित अग्रवाल, डी.एस. अग्रवाल, अरुण गुप्ता,राजकुमार, नंद किशोर भट्ट, नागेंद्र पोखरियाल सहित उपस्थित रहे।













