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पतंजलि ने भारत की प्राचीन आयुर्वेदिक पद्धति को पुनर्जीवित कर उसे आधुनिक समय के अनुरूप विकसित किया : अग्रवाल

ऋषिकेश । विधायक एवं पूर्व कैबिनेट मंत्री प्रेमचंद अग्रवाल देवेंद्र विहार, गुमानीवाला में भारत स्वाभिमान एवं पतंजलि परिवार द्वारा आयोजित योग, आयुर्वेद, स्वदेशी एवं वैदिक संस्कृति की निष्काम सेवा, साधना एवं संघर्ष के 31 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में आयोजित जिला स्तरीय स्थापना दिवस समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में सम्मिलित हुए। इस अवसर पर अग्रवाल ने कहा कि वर्ष 1995 में रोपे गए पतंजलि रूपी पौधे ने आज एक वटवृक्ष का स्वरूप धारण कर लिया है, जिसने योग एवं आयुर्वेद के माध्यम से देश ही नहीं बल्कि विश्व में अपनी पहचान बनाई है। उन्होंने कहा कि पतंजलि ने भारत की प्राचीन आयुर्वेदिक पद्धति को पुनर्जीवित कर उसे आधुनिक समय के अनुरूप विकसित किया है। अग्रवाल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उनके प्रयासों से 21 जून को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के रूप में पूरे विश्व में मनाया जा रहा है। उन्होंने यह भी बताया कि अपने विधानसभा अध्यक्ष के कार्यकाल के दौरान उन्होंने प्रत्येक माह की 21 तारीख को विधानसभा में योग दिवस के रूप में मनाने का निर्णय लिया था। अग्रवाल ने कहा कि पौराणिक मान्यताओं के अनुसार लक्ष्मण मूर्छा के समय हनुमान जी संजीवनी बूटी इसी क्षेत्र से लेकर गए थे, किंतु जानकारी के अभाव में लोग इसके लाभ से वंचित रह जाते हैं। पतंजलि इस अमूल्य धरोहर को पहचान दिलाकर धरातल पर उतार रहा है, जिससे आज लाखों लोग लाभान्वित हो रहे हैं। कार्यक्रम के दौरान मंच संचालन कर रहीं नीलम चमोली ने कहा कि विधायक प्रेमचंद अग्रवाल युवाओं के लिए नशे से दूर रहने की प्रेरणा हैं, क्योंकि वे स्वयं किसी भी प्रकार का नशा नहीं करते। उन्होंने क्षेत्र में विधायक द्वारा कराए जा रहे अनेक विकास कार्यों की भी सराहना की।

मौके पर महिला आयोग अध्यक्ष , कुसुम कंडवाल , गिरीश पैन्यूली , सुनीता खंडूरी , हरविंदर कौर, पुष्पा मित्तल, रुकमा व्यास , रजनी बिजलवान , नीलम चमोली , रजनी धीमान , बी.सी. खंडूरी, जेपी रतूड़ी, संतन सिंह रावत, नीलम चमोली, नीतू बिष्ट, अंजलि व्यास, पूनम व्यास सहित अन्य उपस्थित रहे।

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